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गुजरात में प्रोफेशनल टैक्स: स्लैब, रजिस्ट्रेशन और भुगतान

गुजरात में कितना प्रोफेशनल टैक्स काटना है, रजिस्ट्रेशन कौन लेता है, भुगतान कब होता है और देर होने पर क्या होता है, 21 अक्टूबर 2026 तक के गुजरात के आधिकारिक शेड्यूल और Act के आधार पर, एक उदाहरण के साथ।

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गुजरात में सैलरी का एक ही स्लैब है: ₹12,000 महीना तक शून्य और ₹12,000 से ऊपर ₹200 महीना, सरकारी और निजी दोनों कर्मचारियों के लिए एक जैसा, 1 अप्रैल 2022 से। फ़रवरी में कोई अतिरिक्त किस्त नहीं, इसलिए कोई भी अधिकतम ₹2,400 साल देता है। नियोक्ता इसे काटता है। अहमदाबाद और सूरत जैसे नगर निगम क्षेत्रों में राज्य नहीं, बल्कि नगर निगम नामित प्राधिकारी है, इसलिए रजिस्ट्रेशन और भुगतान वहीं होता है।

गुजरात में प्रोफेशनल टैक्स स्लैब

गुजरात में प्रोफेशनल टैक्स Gujarat State Tax on Professions, Trades, Callings and Employments Act, 1976 के तहत लगता है। यह महीने की सैलरी पर लगता है और हर महीने कटता है। नीचे की दरें 1 अप्रैल 2022 से लागू Schedule की Entry 1 हैं (Commercial Tax Department की PDF, 27 जून 2024 को अपडेटेड), जैसा इस पेज के अंत में दिए आधिकारिक स्रोत पर प्रकाशित है (21 अक्टूबर 2026 को जांचा)। संविधान का अनुच्छेद 276 प्रोफेशनल टैक्स को प्रति व्यक्ति ₹2,500 साल तक सीमित करता है।

कर्मचारीमासिक सैलरीप्रोफेशनल टैक्स
सरकारी, पंचायत, PSU और अनुदान प्राप्त संस्था का स्टाफ़₹12,000 तकशून्य
सरकारी, पंचायत, PSU और अनुदान प्राप्त संस्था का स्टाफ़₹12,000 से ज़्यादा₹200 महीना
बाकी सभी कर्मचारी₹12,000 तकशून्य
बाकी सभी कर्मचारी₹12,000 से ज़्यादा₹200 महीना

फ़रवरी की कोई खास रकम नहीं है, इसलिए अधिकतम ₹2,400 साल है। अगर कोई व्यक्ति महीने के बीच में सैलरी पाने वाला नहीं रहता, तो टैक्स अनुपात में घटता है (Explanation II)।

कौन काटता है और रजिस्ट्रेशन

नियोक्ता सैलरी से PT काटकर नामित प्राधिकारी को जमा करता है। नगर निगम क्षेत्रों के बाहर राज्य का Commercial Tax Department प्राधिकारी है; शेड्यूल में लिखा है कि नगर निगम क्षेत्रों में दूसरे नामित प्राधिकारी लागू होते हैं, इसीलिए अहमदाबाद, सूरत, वडोदरा और राजकोट के नियोक्ता अपने नगर निगम से काम करते हैं।

जब नियोक्ता PT काट लेता है, तो कर्मचारी को अलग से भुगतान नहीं करना होता: पे-स्लिप की कटौती ही कर्मचारी का टैक्स है, और काटने या जमा करने में चूक हो तो ज़िम्मेदारी नियोक्ता की है।

छोटे कारखानों और दुकानों में अक्सर यह गलती होती है कि ₹12,000 के आसपास वेतन वाले कर्मचारियों का PT इंक्रीमेंट के बाद शुरू नहीं किया जाता। सीमा पार होते ही उसी महीने से ₹200 कटना चाहिए।

ड्यू डेट और भुगतान

  • राज्य की PDF में ड्यू डेट नहीं लिखी हैं, और Commercial Tax Department के दूसरे पेज 21 अक्टूबर 2026 को नहीं खुल सके। रिटर्न और भुगतान की तारीखें अपने नामित प्राधिकारी (राज्य या आपका नगर निगम) से पक्की करें।

हर अवधि का चालान या भुगतान रसीद रखें और उसे पेरोल रजिस्टर से मिलाएं: विभाग जब किसी नियोक्ता की जांच करता है, तो सबसे आम गड़बड़ी यही मिलती है कि पे-स्लिप में जो कटा और जो जमा हुआ, वह मेल नहीं खाता।

पेनल्टी और ब्याज

हमने गुजरात के जो आधिकारिक दस्तावेज़ खोले, उनमें पेनल्टी या ब्याज की रकम नहीं लिखी है। Act में रजिस्ट्रेशन, कटौती, भुगतान या रिटर्न में चूक के नतीजे दिए गए हैं; किसी दूसरी जगह के आंकड़े पर भरोसा करने से पहले राज्य पोर्टल पर मौजूदा Act पढ़ें या असेसिंग प्राधिकारी से पूछें।

उदाहरण: गुजरात

राजकोट की एक इंजीनियरिंग यूनिट में 20 कामगार ₹11,500 महीना और 15 कामगार ₹16,000 महीना पाते हैं।

  • ₹11,500 वाले कामगार: PT शून्य।
  • ₹16,000 वाले कामगार: हर एक का ₹200, 15 लोगों का ₹3,000 महीना।
  • नियोक्ता साल भर में ₹36,000 PT काटकर जमा करता है।

अगर ₹11,500 वाले कामगारों को ₹1,000 का इंक्रीमेंट मिलता है, तो हर एक ₹12,000 पार कर जाता है और उसी महीने से ₹200 PT शुरू होता है, यानी हर महीने ₹4,000 और।

हर पे-स्लिप पर PT सही कैसे रखें

  • स्लैब चुनने के लिए उस महीने की ग्रॉस सैलरी लें, और हर इंक्रीमेंट या एरियर के बाद दोबारा जांचें।
  • जिस-जिस राज्य में कर्मचारी हैं, वहां रजिस्ट्रेशन लें: PT काम की जगह से तय होता है, हेड ऑफ़िस से नहीं।
  • पे-स्लिप पर PT को PF, ESI और TDS के बगल में अलग कटौती के रूप में दिखाएं।
  • नई इनकम टैक्स व्यवस्था में PT सैलरी आय से घटाने योग्य नहीं है; पुरानी व्यवस्था में है।

टेक-होम सैलरी सैलरी कैलकुलेटर से, नियोक्ता और कर्मचारी के हिस्से PF कैलकुलेटर और ESI कैलकुलेटर से जांचें, और हर कटौती साफ़ दिखाने के लिए सैलरी स्लिप जनरेटर इस्तेमाल करें। FundRaksha HR हर पेरोल रन पर PF, ESI और TDS के साथ प्रोफेशनल टैक्स निकालता है और PT, PF ECR और ESI फ़ाइलें बनाता है, ताकि पे-स्लिप की कटौती और जमा की गई रकम मेल खाए। सभी राज्यों की तुलना राज्यवार प्रोफेशनल टैक्स स्लैब पेज पर देखें।

Sources

Last reviewed: 2026-10-21. Information for Indian businesses; not legal advice.

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FAQ

Questions, answered

नहीं। गुजरात ₹12,000 से ऊपर ₹200 महीना लेता है और फ़रवरी में कोई अतिरिक्त रकम नहीं, इसलिए साल का अधिकतम ₹2,400 है।

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